बरेली-पूरनपुर बस में दिव्यांग से अभद्रता: चालक-परिचालक ने दी जान से मारने की धमकी, पुलिस चौकी पर भी हुआ अपमान
बरेली/पीलीभीत: उत्तर प्रदेश परिवहन की एक बस (नंबर UP 78L T0203) में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। बरेली से पूरनपुर जा रहे एक दिव्यांग यात्री सुनील कुमार के साथ बस के चालक और परिचालक ने न केवल गाली-गलौज और अभद्रता की, बल्कि रिठौरा चौकी के एक पुलिसकर्मी के साथ मिलकर उन्हें मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित भी किया।
*विवाद का कारण और प्रताड़ना:*
पीड़ित सुनील कुमार (निवासी कढैचौरा, पीलीभीत) अपने छोटे भाई की पत्नी और बच्चों के साथ सफर कर रहे थे। दिव्यांग आईडी होने के कारण सुनील का टिकट नहीं लगा था। सफर के दौरान उनके भाई की पत्नी की आंख लग गई, जिससे वह समय पर परिचालक को अपना टिकट नहीं दिखा सकीं। इसी बात पर परिचालक आपा खो बैठा। जब सुनील ने बीच-बचाव करना चाहा, तो चालक और परिचालक ने उन्हें दिव्यांगता सूचक शब्दों से अपमानित करना शुरू कर दिया।
*पुलिस चौकी पर भी हुआ दुर्व्यवहार:*
हैरानी की बात यह है कि चालक और परिचालक दिव्यांग को जबरन रिठौरा चौकी ले गए। आरोप है कि वहां मौजूद एक पुलिसकर्मी ने भी निष्पक्षता दिखाने के बजाय दिव्यांग को ही अपमानित किया। जब पीड़ित ने घटना का वीडियो बनाने की कोशिश की, तो चालक ने उनका मोबाइल छीन लिया और धमकी दी कि यदि कोई कानूनी कार्रवाई की तो उन्हें 'बस के टायर के नीचे फेंक दिया जाएगा'।
*संगठन ने दी आंदोलन की चेतावनी:*
घटना की जानकारी मिलते ही अटल भारतीय हिंदू फाउंडेशन (भाजपा समर्थित) के दिव्यांग प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष अजय प्रकाश पांडे ने कड़ा संज्ञान लिया। उन्होंने बस में सवार अन्य यात्रियों से फोन पर बात कर घटना की पुष्टि की, जिन्होंने चालक-परिचालक की गलती बताई।
संगठन के उत्तर प्रदेश सचिव तनु मिश्रा ने रोष प्रकट करते हुए कहा, "दिव्यांगों के साथ ऐसी घटनाएं बर्दाश्त नहीं की जाएंगी। यदि शासन-प्रशासन ने इस मामले में तत्काल जांच कर दोषियों पर कठोर कार्रवाई नहीं की, तो समस्त दिव्यांग संगठन मिलकर बड़ा आंदोलन करेंगे।"