सहयोग सामाजिक संस्था के होली महामूर्ख सम्मेलन में कविताओं के बिखरे रंग
मेरठ - सहयोग सामाजिक संस्था द्वारा होली के उपलक्ष्य में 15 वें अखिल भारतीय महामूर्ख सम्मेलन का आयोजन संस्था के ब्रह्मपुरी कार्यालय पर किया गया, जिसमें प्रख्यात शायर गोपाल जानम को मूर्खाधिराज और कवयित्री कमलेश तन्हा को मूरखानी महारानी चुना गया । साथ ही प्रदीप अग्रवाल को मूर्खाधिराज का मंत्री और कवयित्री रामकुमारी शगुन को मूरखानी महारानी की मंत्राणी चुना गया।
मुख्य अतिथि रूप में वरिष्ठ गजलकार ओंकार गुलशन ने कहा कि त्योहार अपना मूल स्वरूप खोते जा रहे हैं।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण मूर्खाधिराज और मूरखानी महारानी की धूम धाम से निकाली गई शोभायात्रा तथा कार्यक्रम आयोजक दिनेश कुमार शांडिल्य तथा मूर्खाधिराज एवं मूरखानी महारानी
के बीच हुए 'अटपटे सवाल चटपते जवाब' कार्यक्रम रहा। गंगा किस स्टेट में बहती है, जिसका जवाब दिया गया लिक्विड, गोरेपन के लिए कौन सी क्रीम लगाती हो का जवाब दिया गया जालिम लोशन , मैडम आप खूबसूरत हो,का जवाब खूब तो आप हो और सूरत गुजरात में फिर हम कहां खूबसूरत हुए जैसे उत्तर सुनकर हंस हंस कर लोगों के पेट में बल पड़ गए।
इस अवसर पर मूर्खाधिराज ने कहा कि मूर्ख व्यक्ति वह है, जो स्वयं को सबसे बड़ा बुद्धिमान समझता है और बुद्धिमान व्यक्ति वह है, जो स्वयं को मूर्ख और दूसरों को बुद्धिमान समझता है।
मूरखानी महारानी ने कहा कि होली पर करोड़ों लीटर पानी की बरबादी होती है,इसे रोकना होगा और पानी की एक एक बूंद का महत्व समझना होगा।
इस अवसर पर समाज में श्रेष्ठ कार्य कर रहे 11 लोगों को सहयोग सम्मान -2026 की उपाधि देकर सम्मानित किया गया, जिसमें गीतकार पंडित आशुतोष, प्रोफेसर डा राम शर्मा, बाल रोग विशेषज्ञ डॉ अनिल कौशिक , गोपाल जानम,क् अरविंद रस्तौगी 'दीप', मंगल सिंह मंगल, कमलेश तन्हा , आशा त्यागी, रचना सिंह वानिया रीना खेड़ा, बीना मंगल शामिल रहे।
कार्यक्रम आयोजक संस्था अध्यक्ष दिनेश शांडिल्य, एडवोकेट ने बताया की हास्य महाऔषधि है। एआई के मानवीय संवेदना रहित, तनाव एवं अवसाद भरी दिनचर्या में हास्य व्यंग द्वारा हंसी और खुशी के रंग बरसाकर लोगों को स्वस्थ रखना कार्यक्रम का मूल उद्देश्य है।
संस्था सचिव प्रशांत कौशिक ने संस्था के उद्देश्यों की जानकारी देते हुए कहा कि समाज के सभी वर्गों में पारस्परिक सद्भाव कायम करना तथा पर्यावरण संरक्षण संस्था का मुख्य उद्देश्य है।
इस अवसर पर सप्तरंगी कवि गोष्ठी का आयोजन किया भी गया, जिसमें कवियों ने विभिन्न विधाओं की रचनाएं पढ़कर शब्दों की बौछार से इंद्रधनुषी रंग बिखेरे। गुलाब मेरठी ने गीत सुनाकर श्रोताओं को देशभक्ति के रंग से रंग दिया। शायर गोपाल जानम ने इश्क मोहब्बत की शायरी से श्रोताओं का भरपूर मनोरंजन कर खूब तालियां बटोरी।
सारिका मेहता , डा सुधा शर्मा ललित तारा, सुरेन्द्र खेड़ा , यश कुमार ढाका,
तरुण रस्तोगी कलमकार , लाल किशोर शर्मा , नंदिनी रस्तोगी नेहा, सीमा गर्ग, दिनेश शांडिल्य आदि ने हास्य-व्यंग्य की रचनाओं में श्रोताओं को ठहाके लगाने पर मजबूर कर दिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता संस्था के मुख्य संरक्षक डॉ प्रेम कुमार शर्मा ने की तथा संचालन दिनेश शांडिल्य ने किया। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ अनिल कौशिक ने मस्ती भरा गीत गाया, तो सभी लोग झूम उठे और सामूहिक नृ
त्य कर धमाल मचाया । यश कुमार ढाका ने सभी का आभार व्यक्त किया।