न्यायालय ने तट रक्षक और सशस्त्र बलों के सेवा मानदंडों पर पुनर्विचार के लिए समिति बनाने को कहा
नयी दिल्ली: 28 फरवरी (भाषा) उच्चतम न्यायालय ने केंद्र सरकार से कहा है कि वह सशस्त्र बलों के जवानों की सेवा शर्तों और सेवानिवृत्ति आयु के मामले में ब्रिटिश काल के मानदंडों पर ही अटकी न रहे और ‘‘अत्यधिक कुशल’’ तटरक्षक बलों के मापदंडों पर पुनर्विचार करने के लिए एक विशेषज्ञ समिति गठित करने पर विचार करे।
प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्य बागची की पीठ ने दिल्ली उच्च न्यायालय के उस आदेश के अमल पर रोक लगा दी, जिसमें भारतीय तटरक्षक बल में सभी स्तर पर सेवानिवृत्ति आयु 60 वर्ष समान रूप से लागू करने का निर्देश दिया गया था।