सामाजिक सरोकारों के साथ स्नेहपूर्वक मनाया गया होली मिलन समारोह
सामाजिक सरोकारों के साथ स्नेहपूर्वक मनाया गया होली मिलन समारोह
संवाददाता, शशांक केतन की रिपोर्ट -
डेहरी,(रोहतास) 24 फरवरी 2026 डेहरी शहर में Dalmia Bharat Cement के अधिकारियों द्वारा होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य उत्सव की उमंग के साथ-साथ कंपनी की सामाजिक प्रतिबद्धताओं और विकासात्मक पहलों को साझा करना रहा। समारोह में रंगों की खुशियाँ, आपसी सौहार्द और सामुदायिक विकास की भावना स्पष्ट रूप से झलकती रही। इस अवसर पर कंपनी के प्रमुख पदाधिकारियों की उपस्थिति रही, जिनमें इकाई प्रमुख आशुतोष कुमार तिवारी, प्लांट एचआर हेड संजय झा, कम्युनिकेशन हेड सुश्री पूजा भारद्वाज तथा हेड कॉर्पोरेट अफेयर्स राजेश कुमार सहित अन्य अधिकारी शामिल थे। अधिकारियों ने उपस्थित जनसमूह के साथ संवाद करते हुए कंपनी की सामाजिक दायित्व (CSR) से जुड़ी गतिविधियों और उपलब्धियों की जानकारी दी। प्रस्तुतीकरण के माध्यम से बताया गया कि बंजारी स्थित सीमेंट संयंत्र के आसपास की तीन पंचायतों में निवास करने वाले परिवारों के आर्थिक एवं सामाजिक सशक्तिकरण पर निरंतर कार्य किया जा रहा है। कंपनी के अनुसार, इन क्षेत्रों की लगभग 84 प्रतिशत आबादी को विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया गया है, जिससे नौ गाँवों में जीवन स्तर और आजीविका के अवसरों में सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिला है। आँकड़ों के आधार पर साझा किया गया कि 28 प्रतिशत से अधिक परिवारों की वार्षिक आय डेढ़ लाख रुपये से ऊपर पहुँच चुकी है, जबकि 66 प्रतिशत परिवारों की आय एक से डेढ़ लाख रुपये के बीच है। कंपनी ने आशा व्यक्त की कि अगले वित्त वर्ष तक 95 प्रतिशत आबादी आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूत कदम रखेगी। शिक्षा और कौशल विकास के क्षेत्र में किए गए प्रयासों पर प्रकाश डालते हुए अधिकारियों ने बताया कि 480 बच्चों को विभिन्न विषयों में प्रशिक्षण उपलब्ध कराया गया है। साथ ही, स्थानीय विद्यालयों, आँगनवाड़ी केंद्रों और स्वास्थ्य सुविधाओं के नवीनीकरण के कार्य संपन्न किए गए हैं। सामाजिक अधोसंरचना को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से कम्युनिटी हॉल, स्नान गृह और शौचालय निर्माण जैसी सुविधाएँ विकसित की गई हैं। पर्यावरण संरक्षण के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता का उल्लेख करते हुए बताया गया कि पाँच हजार पौधों का रोपण किया गया है, जिनमें लगभग 90 प्रतिशत पौधे जीवित एवं विकसित हो रहे हैं। स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता के लिए पहल करते हुए Dehri-on-Sone railway station पर शुद्ध एवं ठंडे पानी की व्यवस्था के साथ व्हीलचेयर जैसी सुविधाएँ प्रदान की गई हैं। कृषि विकास के तहत किसानों को उन्नत बीज और आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे उत्पादकता में सुधार की उम्मीद जताई गई। स्वयं सहायता समूहों के सशक्तिकरण पर भी विशेष बल दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, समूहों को आर्थिक सहयोग प्रदान किया गया है और अब तक कोई भी डिफॉल्टर नहीं रहा है, जो योजनाओं की प्रभावशीलता को दर्शाता है। कंपनी ने यह भी रेखांकित किया कि वर्ष 2018 में स्थापना के बाद से जल संरक्षण, जलवायु समर्थन, ग्राम परिवर्तन और सामाजिक विकास के विभिन्न आयामों पर निरंतर कार्य जारी है। कार्यक्रम के अंत में अधिकारियों ने भविष्य की प्राथमिकताओं पर चर्चा करते हुए आजीविका संवर्धन, जलवायु अनुकूल पहल, सामाजिक अधोसंरचना के विकास, मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने और जल संरक्षण जैसे क्षेत्रों में अपने सर्वोच्च दायित्वों को दोहराया। साथ ही, स्थानीय समुदाय से सहयोग और सहभागिता की अपील की गई, ताकि समावेशी और सतत विकास की दिशा में संयुक्त प्रयासों को और गति मिल सके।
शशांक केतन