शाहजहांपुर: भाजपा विधायक चेतराम के बेटों पर मकान गिराने का आरोप, पीड़ित बोला—रजिस्ट्री हमारे पास, जायदाद नहीं जाने देंगे
शाहजहांपुर, बंडा थाना क्षेत्र में भाजपा विधायक चेतराम के बेटों पर जेसीबी से मकान गिरवाने का आरोप लगा है। पीड़ित परिवार ने विधायक और उनके बेटों के खिलाफ कार्रवाई न होने पर परिवार सहित जान देने की चेतावनी दी है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
बंडा क्षेत्र निवासी बलविंदर ने पुलिस को दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि उनकी पत्नी और भाई के नाम तीन आवासीय प्लॉट हैं, जिनकी विधिवत रजिस्ट्री उनके पास मौजूद है। आरोप है कि बुधवार को जब वह और उनके भाई काम से बाहर गए थे, तभी कुछ लोग जेसीबी लेकर उनके भाई जसपाल सिंह के मकान पर पहुंच गए और तोड़फोड़ शुरू कर दी। उस समय मकान में घरेलू सामान रखा था और ताला लगा हुआ था।
पत्नी से सूचना मिलने पर बलविंदर ने अपने भाई को जानकारी दी। जसपाल सिंह ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचित किया। आरोप है कि जब तक वे मौके पर पहुंचे, तब तक जेसीबी से मकान पूरी तरह ध्वस्त किया जा चुका था। मकान में रखा करीब दो लाख रुपये का सामान भी क्षतिग्रस्त हो गया।
पीड़ित का कहना है कि मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उन्हें बताया कि जमीन विधायक पक्ष की है। इसके बाद बलविंदर ने विधायक चेतराम को फोन कर घटना की जानकारी दी। आरोप है कि विधायक ने जमीन को अपनी बताते हुए बैनामा होने की बात कही। पीड़ित परिवार का आरोप है कि पुलिस की मौजूदगी में ही उनके साथ गाली-गलौज की गई और जान से मारने की धमकी दी गई।
घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें एक युवक विधायक पर सत्ता के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए पुलिस से बहस करता सुनाई दे रहा है। वीडियो में आवाज आ रही है कि “रजिस्ट्री हमारे नाम है, फिर भी अवैध रूप से मकान तोड़ा गया। जान दे देंगे, लेकिन जायदाद नहीं जाने देंगे।” हालांकि वीडियो में धमकी देने वाले व्यक्ति का चेहरा स्पष्ट नहीं दिख रहा है।
बलविंदर ने मामले में एफआईआर दर्ज कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और हुए नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग की है।
वहीं बंडा थाना प्रभारी ने बताया कि मंगलवार को जमीन की नाप कराई गई थी। बुधवार को जेसीबी से कुछ निर्माण हटाया गया था। पुलिस के पहुंचने तक कार्रवाई पूरी हो चुकी थी। उनका कहना है कि विधायक के बेटे जमीन को अपना बता रहे हैं। दूसरे पक्ष ने गुरुवार को कागजात प्रस्तुत करने की बात कही है, लेकिन अभी तक उनकी ओर से कोई शिकायती पत्र नहीं मिला है।
इस संबंध में भाजपा विधायक चेतराम और एसडीएम पुवायां से संपर्क का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी। पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों के दस्तावेजों की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।