सरकारी कर्मचारियों का मकान किराया बढ़ा; आवास सेवा शुल्क दोगुना
मुंबई: सरकारी कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि और सरकारी आवासों के रखरखाव पर बढ़ते खर्च को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक बांधकाम विभाग ने आवास सेवा शुल्क में दोगुनी बढ़ोतरी करने का निर्णय लिया है। यह बढ़ोतरी कर्मचारियों की वेतन श्रेणी और आवास के क्षेत्रफल के आधार पर लागू की गई है। संशोधित दरें 1 फरवरी 2023 से प्रभावी मानी जाएंगी।
सरकार का कहना है कि दैनिक उपयोग की वस्तुओं की बढ़ती कीमतें, रखरखाव खर्च, बिजली और पानी के दरों में वृद्धि, नगर पालिका/महापालिका कर तथा सातवां वेतन आयोग के अनुसार वेतन में हुई बढ़ोतरी को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। अब तक सेवा शुल्क सीमित रखा गया था, लेकिन बढ़ते खर्च के कारण इसमें संशोधन आवश्यक माना गया।
क्षेत्रफल के अनुसार नया सेवा शुल्क:
220 वर्ग फुट तक – ₹220
221 से 320 वर्ग फुट – ₹270
321 से 420 वर्ग फुट – ₹370
421 से 550 वर्ग फुट – ₹490
551 से 750 वर्ग फुट – ₹650
751 से 1110 और उससे अधिक – ₹930
यदि कोई कर्मचारी निर्धारित क्षेत्रफल से अधिक बड़े सरकारी आवास में रह रहा है, तो उससे अतिरिक्त सेवा शुल्क भी वसूला जाएगा। फरवरी 2023 से लागू यह बढ़ा हुआ शुल्क वेतन से तीन किस्तों में वसूल किया जाएगा।
इसके अलावा अति महत्वपूर्ण व्यक्तियों/अधिकारियों को दी जाने वाली अतिरिक्त सुविधाओं—जैसे पुलिस सुरक्षा, लिफ्ट, लिफ्टमैन, सुरक्षा गार्ड और सफाई कर्मचारी—के लिए अलग से अतिरिक्त शुल्क लिया जाएगा। यह शुल्क निर्धारित करने का अधिकार कार्यकारी अभियंताओं को दिया गया है।
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि अब सेवा शुल्क में हर वर्ष वृद्धि की जाएगी और इसके लिए अलग से वार्षिक आदेश जारी किए जाएंगे।