
असम के नाथनपुर में ‘Vibrant Village 2’ का शुभारंभ — सीमावर्ती गांवों को ‘देश का पहला गांव’ बनाने का आह्वान
नाथनपुर, बराक घाटी:
असम के बराक घाटी स्थित नाथनपुर की पवित्र धरती पर आयोजित एक विशाल जनसभा में केंद्रीय गृह मंत्री ने सीमावर्ती गांवों के समग्र विकास के उद्देश्य से “Vibrant Village 2” योजना का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप सैकिया तथा कृषि मंत्री अतुल बोरा सहित कई वरिष्ठ नेता और हजारों की संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
सभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि एक समय था जब सीमावर्ती क्षेत्रों को “देश का अंतिम गांव” कहा जाता था, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अब इन गांवों को “देश का पहला गांव” के रूप में पहचान दी जा रही है। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती गांव केवल भौगोलिक दृष्टि से नहीं, बल्कि रणनीतिक, सांस्कृतिक और आर्थिक दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इसलिए सरकार ने इन क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा में लाने का संकल्प लिया है।
उन्होंने बताया कि “Vibrant Village 2” योजना के तहत लगभग 6,900 करोड़ रुपये की लागत से देश के 17 राज्यों के 334 ब्लॉकों और करीब 1,954 गांवों को शामिल किया जाएगा। असम के 9 जिलों के 26 ब्लॉकों के अंतर्गत आने वाले 140 सीमावर्ती गांव इस योजना का हिस्सा होंगे। इन गांवों में सड़क, पुल, संचार, डिजिटल कनेक्टिविटी, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली तथा रोजगार के अवसरों को सुदृढ़ किया जाएगा। साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर स्थानीय लोगों के जीवनस्तर में व्यापक सुधार लाने का लक्ष्य रखा गया है।
गृह मंत्री ने अपने संबोधन में असम में अवैध घुसपैठ के मुद्दे को भी उठाया। उन्होंने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के समय सीमाएं पर्याप्त रूप से सुरक्षित नहीं थीं, जिसके कारण राज्य में जनसंख्या संतुलन पर प्रभाव पड़ा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार के गठन के बाद अवैध घुसपैठ पर रोक लगाने और अवैध रूप से कब्जाई गई जमीन को मुक्त कराने के लिए कठोर कदम उठाए गए हैं। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य की सुरक्षा और सांस्कृतिक पहचान की रक्षा के लिए सरकार प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्वा सरमा ने भी अपने संबोधन में कहा कि सीमावर्ती गांवों का विकास राज्य की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि जब सीमांत क्षेत्र मजबूत होंगे, तभी राज्य और देश दोनों सशक्त होंगे। प्रदेश अध्यक्ष दिलीप सैकिया और मंत्री अतुल बोरा ने भी योजना को ऐतिहासिक बताते हुए इसे सीमावर्ती जनता के लिए विकास का नया अध्याय बताया।
सभा में उपस्थित हजारों लोगों के बीच उत्साह और ऊर्जा का वातावरण देखने को मिला। कार्यक्रम के अंत में “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम्” के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा।
इस प्रकार “Vibrant Village 2” योजना सीमावर्ती गांवों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें देश के अग्रणी गांवों के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।