
जालौन में बिना लाइसेंस पशु वध का मामला: वायरल वीडियो के बाद 5 के खिलाफ रिपोर्ट, सभी हिरासत में
जालौन नगर में बिना लाइसेंस पशुओं के वध का मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया। तकिया चौराहे के पास स्थित एक बाड़े में भैंस वंश (पाड़ा) को काटे जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। वीडियो सामने आने के बाद हिंदू संगठनों ने कड़ी आपत्ति जताते हुए आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की।
सोमवार को वायरल हुए वीडियो में कुछ लोगों की मौजूदगी में एक व्यक्ति खुलेआम पशु को काटता हुआ दिखाई दे रहा था। हालांकि कुछ ही देर में वीडियो सोशल मीडिया से हटा दिया गया, लेकिन तब तक यह हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों तक पहुंच चुका था। संगठनों ने पुलिस में विरोध दर्ज कराया। शुरुआती दौर में पुलिस ने वीडियो को पुराना बताकर टालने की कोशिश की, लेकिन मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचने के बाद कार्रवाई तेज की गई।
चौकी प्रभारी मनीष तिवारी ने बताया कि वायरल वीडियो की सत्यता जांचने के लिए मौके पर स्थलीय निरीक्षण किया गया और स्थानीय लोगों से पूछताछ की गई। जांच में सामने आया कि 16 फरवरी की शाम खटीकान निवासी शमसेर, मुइनुद्दीन व फकरुद्दीन तथा चिमनदुबे निवासी अकील व आजाद ने अकील के बाड़े में बिना लाइसेंस के क्रूरतापूर्वक भैंस वंश को काटा था।
निरीक्षण के दौरान बाड़े से हड्डियों के कुछ अवशेष बरामद किए गए, जिन्हें कब्जे में लेकर पशु चिकित्सा अधिकारी को सौंप दिया गया। बरामद अवशेषों को परीक्षण के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा जाएगा।
चौकी प्रभारी की तहरीर के आधार पर पुलिस ने पांचों आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली है। क्षेत्राधिकारी शैलेन्द्र कुमार बाजपेयी ने बताया कि वायरल वीडियो संज्ञान में आने के बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए पांच लोगों को पकड़ लिया गया है और विधिक कार्रवाई की जा रही है।
मामले को लेकर नगर में चर्चाओं का दौर जारी है, वहीं पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की
रिपोर्ट
राजू पाटकार...