हेड मास्टर ने स्कूल में नमाज की झुठी खबर का पर्दा फांस
मथुरा के एक स्कूल में गांव के प्रधान ने जो बीजेपी के मंडल अध्यक्ष भी हैं ने BSA से शिकायत की कि स्कूल के हेडमास्टर जान मुहम्मद बच्चों से नमाज पढ़वाते हैं और राष्ट्रगान नहीं करवाते अगले ही दिन जान मुहम्मद को सस्पेंड कर दिया गया और जांच का आदेश दिया गया।
मीडिया तो इस तरह की ख़बरों की तलाश में ही रहता है सब जगह छप गया कि हेडमास्टर ने स्कूल में नमाज पढ़वाई सस्पेंड हुआ। किसी ने भी सच जानने की कोशिश नहीं की....
फिर दैनिक भास्कर की टीम उस स्कूल में पहुंची और गांव के लोगों से और बच्चों से बात की तो शिकायत एकदम झूठी निकली...स्कूल में जान मुहम्मद के अलावा 7 हिंदू टीचर हैं और सभी ने कहा कि शिकायत झूठी थी बच्चों को कभी नमाज नहीं पढ़वाई गई फिर स्कूल के बच्चों से पूछा तो उन्होंने भी यही कहा और ये भी कहा कि राष्ट्रगान हर दिन होता है गांव के लोगों से भी बात की उन्होंने भी यही कहा...
अब सोचिए कि कैसे हालात हैं कि अगर कोई मुस्लिम है तो किसी की शिकायत पर बिना जांच के ही एक्शन हो जाता है❓
और मीडिया बिना सच्चाई पता किए ही ख़बरें छाप देती है❓
मतलब ये कितना आसान है कि अगर मेरा पड़ोसी मुस्लिम है और मैं उसका नुकसान चाहता हूं तो मुझे बस एक शिकायत करनी है काम हो जाएगा...