
बर्ड #फ्लू (Avian Influenza) एक #वायरल #बीमारी है जाने डॉक्टर रविशंकर प्रसाद जेनरल फिजिशियन मुजफ्फरपुर बिहार से....
#बर्ड #फ्लू (Avian Influenza) एक #वायरल #बीमारी है जो मुख्य रूप से पक्षियों को प्रभावित करती है, खासकर मुर्गी, बतख और जंगली पक्षियों को। यह इन्फ्लुएंजा A वायरस के कुछ विशेष प्रकारों (जैसे H5N1, H7N9) के कारण होती है।
सरल शब्दों में समझें:
यह पक्षियों में होने वाला “फ्लू” है, लेकिन कुछ परिस्थितियों में यह इंसानों में भी फैल सकता है।
यह कैसे फैलता है?
संक्रमित पक्षियों के संपर्क में आने से
संक्रमित पक्षियों की बीट (मल), लार या स्राव से
दूषित सतहों, पानी या हवा के माध्यम से
दुर्लभ मामलों में: संक्रमित व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में
पक्षियों में लक्षण:
अचानक मृत्यु
सांस लेने में परेशानी
कम अंडे देना
सुस्ती, गर्दन का मुड़ना, या संतुलन खोना
चेहरे/कलगी में सूजन
मनुष्यों में लक्षण (यदि संक्रमण हो जाए):
तेज बुखार
खांसी, गले में खराश
सांस लेने में कठिनाई
कभी-कभी दस्त या उल्टी
(गंभीर मामलों में निमोनिया भी हो सकता है)
क्या यह खतरनाक है?
पक्षियों के लिए: बहुत खतरनाक
मनुष्यों के लिए: आमतौर पर कम, लेकिन कुछ स्ट्रेन गंभीर हो सकते हैं — इसलिए सतर्क रहना जरूरी है।
बचाव के उपाय:
बीमार या मरे हुए पक्षियों को न छुएं
कच्चे अंडे/अधपका चिकन न खाएं
मुर्गीपालन क्षेत्रों में मास्क/दस्ताने का उपयोग करें
हाथ अच्छी तरह धोते रहें
संक्रमित क्षेत्र में जाने से बचें
डॉ रविशंकर प्रसाद, जेनरल फिजिशियन, मुजफ्फरपुर बिहार।