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श्री दीनबंधु नेत्र चिकित्सालय में आयोजित वृहद नेत्र ज्योति महायज्ञ का समापन सफलतापूर्वक सम्पन्न

श्री दीनबंधु नेत्र चिकित्सालय में आयोजित वृहद नेत्र ज्योति महायज्ञ का समापन सफलतापूर्वक सम्पन्न

अयोध्या धाम



पूज्य महन्त नृत्य गोपाल दास जी महाराज व जगद्गुरु पीपाद्वाराचार्य श्री बलराम दास देवाचार्य जी महाराज वृन्दावन की सद्प्रेरणा से करुणा निधान सेवा ट्रस्ट कोलकाता के आर्थिक सहयोग से श्री मणिराम दास छावनी सेवा ट्रस्ट अयोध्या एवं कल्याणम् करोति लखनऊ के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित वृहद नेत्र ज्योति महायज्ञ का आज समापन नेत्र रोगियों की ससम्मान विदाई के साथ हुआ।
इस अवसर पर आयोजित समापन समारोह की अध्यक्षता श्री मणिराम दास छावनी के उत्तराधिकारी महंत श्री कमलनयन दास शास्त्री महाराज ने तथा संचालन संजय शुक्ला ने किया।समापन समारोह में आए अतिथियों का स्वागत माल्यार्पण करके कल्याणम् करोति के राष्ट्रीय महासचिव राष्ट्र गौरव शर्मा व सहायक प्रबन्धक हनुमान प्रसाद मिश्र ने किया तथा संस्था के उमादत्त मिश्र ने अपने स्वागत भाषण के माध्यम से किया ‌। इस अवसर पर श्री दीनबंधु नेत्र चिकित्सालय के प्रबंधक डी0एन0 मिश्रा ने चिकित्सालय की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि चिकित्सालय में स्थापना काल दिनांक 5 नवंबर 2005 से 23 जनवरी 2026 तक कुल 986681नेत्र रोगियों का पंजीकरण किया गया जिनमें से 738253 नेत्र रोगियों का रिफ्रेक्शन एवं अन्य उपचार विधि से नेत्र रोगों का इलाज किया गया जबकि 244373 लोगों के मोतियाबिंद ऑपरेशन किए गए।अन्य ऑपरेशन 2630लोगों के नेत्रों का किया गया है। आयुष्मान योजना के अन्तर्गत 1425 ऑपरेशन कराए गए हैं इस तरह से कुल मिलाकर 248428 ऑपरेशन किए गए हैं जिनमें पूरी तरह से निःशुल्क ऑपरेशन 159643 किये जबकि आंशिक सहयोग लेकर संपन्न कराए गए आपरेशन 87360 शामिल हैं। करुणा निधान सेवा ट्रस्ट कोलकाता के आर्थिक सहयोग से आयोजित निःशुल्क नेत्र चिकित्सा सेवा शिविर में कुल 6000 नेत्र रोगियों का पंजीकरण किया गया जिसमें 2000 नेत्र रोगियों के मोतियाबिंद का ऑपरेशन हुआ तथा रिफ्रेक्शन एवं अन्य उपचार विधि से 3641 नेत्र रोगी लाभान्वित किये गये। समारोह को संबोधित करते हुए श्री मणिराम दास के उत्तराधिकारी महन्त श्री कमल नयन दास शास्त्री ने कहा कि मानव सेवा से बढ़कर कोई सेवा नहीं है। लोगों को नेत्र ज्योति प्रदान करना महान धर्म है। इस अवसर पर मुख्य अतिथि जगद्गुरु पीपाद्वाराचार्य श्री बलराम दास देवाचार्य जी महाराज ने अपने सम्बोधन ने कहा कि महाराज नृत्य गोपाल दास जी की सद्प्रेरणा से कल्याणम् करोति संस्था द्वारा निरंतर नेत्र रोगियों को ज्योति प्रदान करके महान मानवता पूर्ण कार्य किया जा है, इससे बढ़कर कोई धर्म नहीं है मानव सेवा ही सच्चा धर्म है। इस अवसर पर रामशरण दास रामायणी, वृंदावन से पधारे फलाहारी जी महाराज ने भी अपने विचार रखें और इस कार्य में सम्पन्न लोगों को सहयोग करना चाहिए। समारोह में कल्याणम् करोति संस्था के हरीश मलिक, राधा कृष्ण मंदिर के महंत रामकृष्ण पांडेय, पत्रकार रवीन्द्र कुशवाहा, श्री दीनबंधु नेत्र चिकित्सालय के लक्ष्मण तिवारी, रामकृपाल शर्मा, अनुराग मिश्र,वीरेंद्र यादव सहित अन्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम के अन्त में मुख्य अतिथि व कार्यक्रम अध्यक्ष द्वारा नेत्र रोगियों को छड़ी, कम्बल, दवाइयां, चश्मा और लंच पैकेट देकर विदा किया गया।

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