
मंदिर चोरी का पर्दाफाश, मठाधीश का चेला ही निकला आरोपी
15–20 लाख की चोरी कर साधु से बना ‘अन्ना’, पुलिस ने हजार किलोमीटर पीछा कर दबोचा
जालोर जिले के रामसीन थाना क्षेत्र स्थित ईश्वरेश्वर महादेव मंदिर लुर में हुई बड़ी चोरी की वारदात का पुलिस ने सफल खुलासा करते हुए एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। हैरानी की बात यह रही कि चोरी का आरोपी मंदिर के मठाधीश का चेला ही निकला।
पुलिस के अनुसार दिनांक 22 नवंबर 2025 की रात मंदिर परिसर स्थित आश्रम में मठाधीश के निजी निवास से लगभग 15 से 20 लाख रुपये नकद चोरी हो गए थे। इस संबंध में 6 दिसंबर 2025 को रामसीन थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
भेष बदल-बदल कर काटता रहा फरारी
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी शंकरगिरी उर्फ कानाराम, जाति देवासी, निवासी गजापुरा (थाना जसवंतपुरा) ने वारदात को अंजाम देने के बाद साधु का भेष त्याग दिया और पैंट-शर्ट व साउथ इंडियन ‘अन्ना लुक’ में अलग-अलग जगहों पर घूमता रहा। वह लगातार अपना हुलिया और ठिकाने बदलकर पुलिस से बचने का प्रयास करता रहा।
होटलों में ठहरकर उड़ाई रकम
पुलिस ने बताया कि आरोपी ने चोरी की रकम से महंगा मोबाइल और कार खरीदी तथा विभिन्न होटलों में ठहरकर मौज-मस्ती की। पालनपुर में होटल में रुकने के दौरान उसके सीसीटीवी फुटेज मिलने के बाद पुलिस को अहम सुराग हाथ लगे।
एक रात में तय किया हजार किलोमीटर का सफर
पुलिस को पीछा करने का शक होने पर आरोपी ने एक ही रात में लगभग 1000 किलोमीटर की यात्रा कर उदयपुर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, अम्बाजी और अरावली पर्वतमाला के आदिवासी क्षेत्रों में शरण ली, जहां नेटवर्क भी सीमित रहता है। बावजूद इसके, तकनीकी सहायता और मुखबिर तंत्र के सहारे पुलिस लगातार उसके पीछे लगी रही।
विशेष टीम ने दबोचा
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जालोर के निर्देशन एवं वृताधिकारी भीनमाल के सुपरविजन में रामसीन थानाधिकारी के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने आखिरकार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर पुलिस कस्टडी रिमांड लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में रामसीन थाना पुलिस और साइबर सेल जालोर की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिनकी सतर्कता से इस सनसनीखेज चोरी का खुलासा संभव हो सका।