logo
Select Language
Hindi
Bengali
Tamil
Telugu
Marathi
Gujarati
Kannada
Malayalam
Punjabi
Urdu
Oriya

New GST Rates: मिडिल क्लास वाले फैमिली आज हैप्पी है! किसे क्या मिला है, जरा जानिए

GST पर ताबड़तोड़ खुशियां मिली हैं. आइए जानते हैं कि फैमिली में किसके हिस्‍से कौन-सी खुशियां आईं, क्‍योंकि आपकी फैमिली में भी तो यही राहतें लागू होंगी.

GST काउंसिल ने 12 फीसदी और 28 फीसदी वाले स्लैब्स को खत्म कर केवल 5 फीसदी और 18 फीसदी वाले स्लैब्स कर दिए हैं.
सीमेंट, एसी, टीवी, डिश वॉशर जैसे सामानों पर जीएसटी दर घटाकर 18 प्रतिशत कर दी गई है, जो कि बहुत बड़ी राहत होगी.हेयर ऑयल, टूथपेस्ट और रोजमर्रा के अन्‍य घरेलू सामानों पर GST घटाकर 5% कर दिया गया है, जिससे घरखर्च कम होगा
GST Reforms: शर्माजी की फैमिली में आज सभी खुश हैं. शर्माजी खुश हैं कि उनके लिए घर का इंतजाम करना आसान हो गया है. पत्‍नी खुश हैं कि किचन से लेकर रोजमर्रा की जरूरतों के कई सामान सस्‍ते हो गए. उनका बड़ा बेटा राहुल खुश है कि उसे बाइक चाहिए थी, जो कि अब पापा के बजट में आ जाएगा. छोटी बेटी प्रिया खुश है कि स्‍कूल जाने के लिए दादाजी से नई साईकिल की जिद अब पूरी करवा लेगी. शर्मा जी के बुजुर्ग माता-पिता भी खुश हैं कि दवाओं का खर्च कम हो जाएगा, साथ ही इंश्‍योरेंस प्रीमियम भी सस्‍ता पड़ेगा.

आज केवल शर्माजी ही नहीं, बल्कि देश की लगभग हर फैमिली खुश है. GST काउंसिल की मीटिंग के बाद हर वर्ग, हर उम्र के लोगों पर राहत की ऐसी छप्‍परफाड़ बारिश हुई कि दिवाली से पहले ही दिवाली का माहौल बन गया है. महिला, पुरुष, बच्‍चे, बूढ़े सभी बम-बम हैं. शर्माजी कह रहे कि इतनी खुशी तो बजट की घोषणाओं के बाद भी नहीं हुई थी. हालांकि टैक्‍स रीस्‍ट्रक्‍चरिंग की नींव तभी रखी जा चुकी थी. लंबे समय से चल रही कवायद के बाद आखिरकार GST सुधार की योजना साकार हो ही गई.
आखिर ऐसा क्‍या हो गया?
जीएसटी काउंसिल के फैसले के मुताबिक, 12 फीसदी और 28 फीसदी वाले स्लैब्स को पूरी तरह से खत्म कर दिया गया है, यानी अब केवल 5 फीसदी और 18 फीसदी वाले स्‍लैब रहेंगे. इससे मिडिल क्‍लास फैमिली ने सबसे ज्यादा राहत की सांस ली है. हालांकि सिन गुड्स और लग्‍जरी गुड्स के लिए 40 फीसदी टैक्‍स की एक अलग कैटगरी रहेगी, लेकिन इसका असर बहुतायत लोगों पर नहीं पड़ने वाला. तो कुल मिलाकर मामला चकाचक है.

107
1575 views

Comment