logo
Select Language
Hindi
Bengali
Tamil
Telugu
Marathi
Gujarati
Kannada
Malayalam
Punjabi
Urdu
Oriya

टिकट संग्रहकों की मनमानी से यात्रियों की जान जोखिम में: अधिवक्ताओं का ज्ञापन

कटनी, 6 जून 2025:
कटनी नव अधिवक्ता संघ ने जबलपुर स्थित मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) को एक ज्ञापन सौंपकर कटनी मुख्य रेलवे स्टेशन, कटनी साउथ और मुड़वारा स्टेशन पर हो रही अवैध गतिविधियों को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है।

ज्ञापन के अनुसार, ट्रेनों के भीतर कुछ असंगठित विक्रेता और व्यक्तियों द्वारा खाद्य सामग्री, नशीले पदार्थ और ज्वलनशील तरल पदार्थों की अवैध बिक्री की जा रही है। कई बार यह भी देखा गया है कि शराब और जहरीले पदार्थों को दूध की बोतलों में छिपाकर ट्रेन के बाहर लटकते हुए ढोया जा रहा है। यह न केवल यात्रियों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है, बल्कि रेलवे की व्यवस्था और कानून-व्यवस्था के लिए भी चुनौती है।

इसके अलावा, टिकट कलेक्टरों के डिब्बों के पास और रेलवे परिसर में बिना अनुमति के खाद्य सामग्री जैसे चाय, नाश्ता, बिस्किट आदि की खुलेआम बिक्री हो रही है। इससे महिलाओं से छेड़छाड़ और यात्रियों को नशीला पदार्थ खिलाकर लूटने जैसी घटनाएं सामने आई हैं। ये सभी गतिविधियाँ भारतीय रेलवे अधिनियम 1989 की धारा 144 का स्पष्ट उल्लंघन हैं।

रेलवे अधिनियम 1989 की धारा 175 के अनुसार, यदि कोई व्यक्ति सार्वजनिक स्थान पर लापरवाही या उपेक्षापूर्ण कार्य करता है जिससे किसी अन्य व्यक्ति की सुरक्षा को खतरा होता है, तो उसे दो वर्ष तक की सजा और ₹1000 तक का जुर्माना हो सकता है।

अक्सर देखा गया है कि टिकट संग्रहक के द्वारा छात्रों, अधिवक्ताओं और आम यात्रियों को जबरन किसी भी स्टेशन पर उतारने के लिए बाध्य किया जाता है, जिससे उनकी जान-माल को गंभीर खतरा उत्पन्न होता है। यह रेलवे प्रशासन की गंभीर लापरवाही को दर्शाता है।


नव अधिवक्ता संघ ने चेतावनी दी है कि यदि 90 दिनों के भीतर आम जनता के हित में उठाई गई इन मांगों का समाधान नहीं किया गया, तो वे रेलवे प्रशासन के खिलाफ न्यायालय में रिट याचिका दायर करने के लिए बाध्य होंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी रेलवे प्रशासन की होगी।

यह ज्ञापन अधिवक्ता अक्षय बजाज, सुमित यादव, अनुराग गुप्ता एवं मंगलजीत सिंह भट्टी की उपस्थिति में प्रस्तुत किया गया। ये सभी अधिवक्ता मौके पर मौजूद रहे और उन्होंने इस ज्ञापन का समर्थन किया।

अब देखना यह होगा कि रेलवे प्रशासन इस गंभीर शिकायत पर क्या कार्रवाई करता है।

132
2063 views

Comment