हाडसा ----अनुशासित ना होना
महाकुंभ का हाडसा हो या दिल्ली का या कहा भी जो प्रतिषध मे प्रशासन जिम्मेदार है उतना ही मै और आप जैसे है, जो सोशल मीडिया पे नागा साधू और कई साधू जो हिमालय और कहीसे आये थे जो उनके हक्क का शाही स्नान है और जो सदियों चल रहा है उसमे न्यु वालोने कही प्रतिषद ज्यादा दिखाके अपनी TRP बढाके सामान्य जनता को उकसाया और उसी वझसे भक्त वहा उमडे की ऐसा मौका 144 साल के बाद आयेगा, आखिर मे भक्ती और श्रद्धा का जहाँ विषय आता है तो सब सही है लेकिन जब जान पे आये तो सबको सटीक रहना चाहिये माँ गंगा तो हमेशा सदियोंसे पवित्र है और रहेगी लेकिन वो सबको सब्र भी सिखाती है ये भी भुलना नही है | जो भी भक्त माँ को प्यारे हो गये उनके लिये हृदय से श्रद्धांजली अपना ख्याल राखिये safe राहिये