गौतम बुद्ध नगर के जेवर निवासी 14 वर्षीय बालक गोपाल शर्मा की निर्मम हत्या की निष्पक्ष जांच एवं आरोपियों के विरुद्ध कठोरतम कार्यवाही किए जाने हेतु निवेद
सेवा में,
माननीय मुख्यमंत्री महोदय,
उत्तर प्रदेश सरकार,
लखनऊ, उत्तर प्रदेश।
विषय: गौतम बुद्ध नगर के जेवर निवासी 14 वर्षीय बालक गोपाल शर्मा की निर्मम हत्या की निष्पक्ष जांच एवं आरोपियों के विरुद्ध कठोरतम कार्यवाही किए जाने हेतु निवेदन।
महोदय,
सविनय निवेदन है कि उत्तर प्रदेश के गौतम बुद्ध नगर जनपद के जेवर क्षेत्र में रहने वाले मात्र 14 वर्षीय बालक गोपाल शर्मा की जिस प्रकार से अत्यंत क्रूरता, अमानवीयता और निर्ममता के साथ हत्या की गई है, उसने पूरे समाज को झकझोर कर रख दिया है। यह घटना केवल एक परिवार की पीड़ा नहीं है, बल्कि पूरे प्रदेश की कानून व्यवस्था और मानवता के लिए एक गंभीर प्रश्न बन चुकी है।
बताया जा रहा है कि मासूम बालक को जन्मदिन पार्टी के बहाने बुलाया गया। एक बच्चा, जो अपने मित्रों के बुलावे पर खुशी-खुशी घर से निकला होगा, उसने कभी कल्पना भी नहीं की होगी कि उसके साथ इतनी भयावह घटना घटने वाली है। परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों के अनुसार बच्चे के साथ अमानवीय अत्याचार किए गए, उसके शरीर को क्षत-विक्षत किया गया, उसकी आंखों में तेजाब डाला गया और उसके प्राइवेट पार्ट तक काट दिए गए। यदि यह आरोप सत्य हैं तो यह घटना केवल हत्या नहीं बल्कि राक्षसी मानसिकता का परिचायक है।
महोदय,
जब कोई समाज अपने बच्चों को सुरक्षित नहीं रख पाता, तब वह समाज भीतर से टूटने लगता है। एक 14 वर्षीय मासूम की इस प्रकार हत्या कर देना केवल कानून का उल्लंघन नहीं बल्कि इंसानियत के विरुद्ध अपराध है। इस घटना ने प्रदेश के लाखों माता-पिता को भय और चिंता में डाल दिया है। आज हर मां-बाप यह सोचने को मजबूर है कि क्या उनके बच्चे सुरक्षित हैं?
सबसे अधिक पीड़ादायक बात यह है कि परिजनों द्वारा पुलिस प्रशासन पर भी गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं। परिवार का कहना है कि पुलिस आरोपियों को बचाने का प्रयास कर रही है तथा निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हो रही। यदि ऐसा है तो यह स्थिति अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और चिंताजनक है। जनता का विश्वास कानून और प्रशासन पर टिका होता है। यदि पीड़ित परिवार को ही न्याय व्यवस्था पर भरोसा न रहे तो यह लोकतंत्र के लिए खतरनाक संकेत है।
माननीय मुख्यमंत्री जी,
उत्तर प्रदेश सरकार हमेशा से अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्यवाही करने का दावा करती रही है। प्रदेश की जनता को भी आपसे न्याय की आशा है। इसलिए हम सभी नागरिक आपसे हाथ जोड़कर निवेदन करते हैं कि इस मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया जाए और निम्नलिखित मांगों पर तत्काल प्रभाव से कार्रवाई सुनिश्चित की जाए—
1. गोपाल शर्मा हत्याकांड की जांच किसी उच्च स्तरीय एजेंसी या विशेष जांच दल (SIT) से कराई जाए।
2. घटना में शामिल सभी आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार कर फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चलाया जाए।
3. यदि किसी पुलिस अधिकारी की भूमिका संदिग्ध पाई जाती है तो उसके विरुद्ध भी कठोर विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जाए।
4. पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए ताकि उन पर किसी प्रकार का दबाव न बनाया जा सके।
5. दोषियों को कठोरतम सजा दिलाई जाए ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति किसी मासूम बच्चे के साथ ऐसा जघन्य अपराध करने का साहस न कर सके।
6. मामले की सुनवाई की नियमित मॉनिटरिंग स्वयं राज्य सरकार द्वारा कराई जाए ताकि जांच निष्पक्ष और पारदर्शी बनी रहे।
महोदय,
आज पूरा समाज गोपाल शर्मा के परिवार के साथ खड़ा है। एक मां ने अपना बेटा खोया है, एक पिता ने अपना सहारा खोया है। उस मासूम ने कितनी पीड़ा सही होगी, यह सोचकर ही रूह कांप उठती है। उसकी आखिरी चीखें शायद इंसानियत से न्याय मांग रही होंगी।
हम यह नहीं चाहते कि यह मामला भी कुछ दिनों बाद अन्य घटनाओं की तरह फाइलों में दबकर रह जाए। यदि अपराधियों को समय रहते कठोर दंड नहीं मिला तो समाज में गलत संदेश जाएगा और अपराधियों का मनोबल बढ़ेगा। न्याय केवल होना ही नहीं चाहिए बल्कि दिखना भी चाहिए।
माननीय मुख्यमंत्री जी,
आप प्रदेश के मुखिया हैं और प्रदेश की जनता को विश्वास है कि आप इस दर्दनाक घटना पर संवेदनशीलता दिखाते हुए पीड़ित परिवार को न्याय दिलाएंगे। गोपाल शर्मा अब इस दुनिया में नहीं है, लेकिन उसकी आत्मा तभी शांत होगी जब उसके हत्यारों को उनके अपराध की उचित सजा मिलेगी।
अतः आपसे पुनः विनम्र निवेदन है कि इस प्रकरण में तत्काल कठोर एवं निष्पक्ष कार्रवाई करने की कृपा करें ताकि प्रदेश की जनता का कानून और शासन व्यवस्था पर विश्वास बना रहे।
भवदीय,
समस्त न्यायप्रिय नागरिक
उत्तर प्रदेश