योगी गुरुराज के आध्यात्मिक वचन और जीवन शैली सुझाव
गुड मॉर्निंग, नमस्ते और वंदन। ब्रह्मऋषि श्री योगी गुरुराज ने अपने आज के वचनों में जीवन में शांति और स्वास्थ्य बनाए रखने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं। उन्होंने कहा कि बोलचाल और चलने में धीरे-धीरे होना चाहिए ताकि किसी भी प्रकार का हंगामा न हो, क्योंकि हंगामा चेतना को खुलने से रोकता है। उन्होंने प्रतिदिन 30 से 60 मिनट अंधेरे कमरे में बैठकर मुरली के संगीत का आनंद लेने की सलाह दी।
इसके अलावा, योगी गुरुराज ने तांबे के बर्तन में इलायची मिलाकर पानी पीने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि व्यक्ति की ऊर्जा उनका सीमेन है, जिसे बर्बाद नहीं करना चाहिए और ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए ताकि वह शक्तिशाली और बुद्धिमान बन सके। उन्होंने प्लास्टिक की कंघी का उपयोग बंद करने और लकड़ी की कंघी के उपयोग को बढ़ावा देने की बात कही, जिससे न्यूरॉन्स सक्रिय होते हैं और बुद्धिमत्ता बढ़ती है। मंदिरों और धार्मिक स्थलों पर जाते समय अनाज के माध्यम से घंटियों के पैटर्न को देखकर मेडिटेशन करने का भी सुझाव दिया।