नरेंद्र दामोदरदास मोदी के 56 इंची सीने का निकलता दम
भारत देश के यशस्वी छप्पन इंची सीने वाले शेरों के शेर नरेंद्र मोदी दिलेर की भारत की गरीब और लुटी पिटी जनता से अपनी नाकामी छुपाने के लिए देशभक्ति की चासनी में लिपटी घुट्टी पिलाई गई है जो निम्नलिखित है
तेल-नौन की चिंता छोड़ो, चटनी खाकर सो जाओ,
थाली बिल्कुल खाली रखकर, देशभक्ति में खो जाओ।
'महँगा है तो तेल न खाओ', ऐसी सीख सिखाते हैं,
'साइकिल ढूंढो, पैदल घूमो', पेट्रोल पर समझाते हैं।
'सोना खरीदना बंद करो', जब भाव आसमान छू जाता है,
जनता की हर लाचारी को, ये योग-मंत्र बतलाते हैं।
डिग्री लेकर सड़कों पर अब, ठोकर खाती जवानी है,
भाषण में जो नंबर वन है, वो केवल कागजी कहानी है।
पेपर लीक का धंधा चमका, लाठी खाकर युवा रोता है,
साहब के गोदी मीडिया में, देश रोज आगे बढ़ता है।
खेतों में कीलें ठुकवा दीं, जब अन्नदाता हक मांगने आया,
पर सूट-बूट वाले मित्रों का, लाखों का कर्ज चुकाया।
आटे और दही पर भी अब, टैक्स का कोड़ा चलता है,
अमीर और अमीर हुआ, गरीब पाई-पाई को तरसता है।
सस्ते राशन का टुकड़ा देकर, अहसान बड़ा जताते हैं,
नौकरी और महँगाई पूछो, तो सीधे दुश्मन देश दिखाते हैं।
अस्पताल और स्कूल बेच दिए, पूँजीपतियों के हाथों में,
और अंधभक्त डूबे हैं बस, 'शेर आया' की बातों में।
सवाल पूछना गद्दारी है, चापलूसी ही अब ईमान है,
ताली-थाली बजवाने वाला, बना यहाँ भगवान है।
खोखले दावों के तीरों से, अब पेट नहीं भर पाएगा,
भ्रम का पर्दा टूटेगा, जब भूखा इंसान जगाएगा।
नारों की अफीम चाटकर, कब तक सच से मुँह मोड़ोगे,
जब जेब और पेट खाली होगा, तब किस जुमले से जोड़ोगे?
स्वरचित
कुंवर प्रताप यादवेंद्र सिंह यादव चंद्रवंशी उर्फ टाईगर भईया राष्ट्रीय अध्यक्ष वसुधैव कुटुंबकम्