चकरोडों पर अवैध कब्जों के खिलाफ सख्त हुए डीएम, जटपुरवा पहुंचकर परखी जमीनी हकीकत
लखीमपुर खीरी। जिले में सार्वजनिक भूमि और चकरोडों पर हो रहे अवैध कब्जों के खिलाफ जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। मंगलवार को जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने तहसील धौरहरा की ग्रामसभा जटपुरवा पहुंचकर चकरोड अतिक्रमण प्रकरण की मौके पर जांच की। राजस्व टीम के साथ पहुंचे डीएम ने अभिलेखों और नक्शों का परीक्षण कर अधिकारियों को तत्काल कब्जामुक्त कार्रवाई के निर्देश दिए।
जांच के दौरान गाटा संख्या 2025 में दर्ज सार्वजनिक रास्ते की भूमि पर अवैध कब्जे से जुड़े तीन मामलों की सुनवाई राजस्व संहिता 2006 की धारा 67(5) के तहत जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय में विचाराधीन पाई गई। डीएम ने मौके पर पहुंचकर नक्शा और अभिलेखों का बारीकी से निरीक्षण किया तथा राजस्व अधिकारियों से वास्तविक स्थिति की जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों और शिकायतकर्ताओं ने जिलाधिकारी से सीधे संवाद कर अपनी समस्याएं बताईं। ग्रामीणों का कहना था कि चकरोड पर अवैध कब्जों के कारण आवागमन बाधित हो रहा है और किसानों को खेतों तक पहुंचने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
मौके पर ही डीएम अंजनी कुमार सिंह ने नायब तहसीलदार को निर्देशित किया कि नक्शे में दर्ज चकरोड को तत्काल कब्जामुक्त कराकर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सार्वजनिक रास्तों और सरकारी भूमि पर कब्जा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने जिले के सभी राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि अभियान चलाकर चकरोड, खलिहान और अन्य सार्वजनिक भूमि पर हुए अतिक्रमणों को चिन्हित कर तत्काल हटवाने की कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि शासन की प्राथमिकताओं में शामिल इस अभियान में किसी प्रकार की लापरवाही या ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी।
वहीं ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि धौरहरा तहसील में कई बार प्रार्थना पत्र देने के बावजूद कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। लोगों का कहना था कि अधिकांश शिकायतों को गंभीरता से नहीं लिया जाता, जिससे फरियादियों को अपनी समस्या लेकर जिला मुख्यालय तक पहुंचना पड़ता है। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि तहसील क्षेत्र में कई सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे हो रहे हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी जानकारी होने के बावजूद कार्रवाई से बचते रहे हैं।
ग्रामीणों ने उम्मीद जताई कि जिले में नए जिलाधिकारी के सक्रिय रुख के बाद अब अतिक्रमण के मामलों में प्रभावी कार्रवाई होगी और लोगों को राहत मिलेगी।