जिलाधिकारी की नजर में सहजन वन में घटिया निर्माण पर उठे सवाल, टूटा गेट और बदहाल सड़क से ग्रामीण परेशान
शाहजहांपुर के विकासखंड भालखेड़ा क्षेत्र के तुर्की खेड़ा सहजन वन में निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम से विकसित किए गए सहजन वन में घटिया सामग्री लगाए जाने के आरोप लगे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद निर्माण कार्य बेहद खराब गुणवत्ता का कराया गया है।
ग्रामीणों के अनुसार सहजन वन के मुख्य गेट पर लगा बोर्ड और लोहे का ढांचा मामूली हवा चलने से ही टूट गया। बताया जा रहा है कि इससे पहले भी कई बार हल्की आंधी में गेट क्षतिग्रस्त हो चुका है और हर बार रिपेयर के नाम पर पैसा खर्च दिखाया जाता रहा है। पिछले दो दिनों से गेट का बोर्ड टूटा पड़ा है, लेकिन अब तक कोई मरम्मत नहीं कराई गई।
ग्रामीण सुनील और इलियास खान ने आरोप लगाया कि इंटरलॉकिंग सड़क का प्रस्ताव ब्लॉक प्रमुख स्तर से पास होने के बावजूद काम शुरू नहीं कराया गया। गांव की एक गली, जो नरेश के मकान से रामरतन के मकान तक जाती है, आज भी बदहाल स्थिति में है। हालत यह है कि यदि कोई व्यक्ति गंभीर रूप से बीमार हो जाए तो उसे करीब 300 मीटर तक चारपाई पर उठाकर मुख्य सड़क तक ले जाना पड़ता है, जहां से एंबुलेंस या वाहन की व्यवस्था हो पाती है।
ग्रामीणों का कहना है कि विकासखंड अधिकारी अभिषेक अग्रवाल कई बार निरीक्षण कर चुके हैं, लेकिन अब तक सड़क निर्माण को लेकर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। वहीं, ग्रामीणों को उम्मीद है कि जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह इस मामले का संज्ञान लेकर सहजन वन में हो रहे कथित भ्रष्टाचार और घटिया निर्माण पर रोक लगाएंगे।
गांव वालों का कहना है कि जिलाधिकारी लगातार बेहतर कार्यों के लिए चर्चाओं में रहते हैं और लोगों को उम्मीद है कि वह गांव की समस्याओं पर भी गंभीरता से ध्यान देंगे। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई करता है।