जनगणना 2027 की तैयारी तेज, पहली बार डिजिटल और स्व-गणना की सुविधा,वही अवैध खनन पर कड़ा शिकंजा, नए नियम के तहत लाखों तक जुर्माने का प्रावधान लागू,वही गर्मी में पेयजल संकट से निपटने को प्रशासन अलर्ट
गढ़वा।आज जनगणना 2027 को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर विस्तृत जानकारी साझा की गई। यह जनगणना पहली बार पूरी तरह डिजिटल और ऐप आधारित होगी। प्रक्रिया दो चरणों में पूरी होगी, जिसमें मई-जून 2026 में मकान सूचीकरण और फरवरी 2027 से जनसंख्या गणना होगी। स्व-गणना की सुविधा 1 मई से 15 मई 2026 तक उपलब्ध रहेगी।मौके पर जिला जनगणना पदाधिकारी राज महेश्वरम ने कहा कि सभी जानकारी पूरी तरह गोपनीय रहेगी और किसी भी स्थिति में आधार, पैन या OTP नहीं मांगा जाएगा। लोगों से सतर्क रहने और अधिकृत कर्मियों को ही जानकारी देने की अपील की गई है।वही झारखंड सरकार ने खनिजों के अवैध खनन, परिवहन और भंडारण पर रोक लगाने के लिए संशोधित नियम 2026 लागू कर दिया है।
नए प्रावधान के तहत बिना अनुमति खनन या परिवहन करने पर विभिन्न वाहनों पर ₹50 हजार से ₹5 लाख तक जुर्माना लगाया जाएगा। साथ ही वैध चालान अनिवार्य कर दिया गया है।मौके पर जिला खनन पदाधिकारी राजेंद्र उरांव ने कहा कि नए नियम से अवैध खनन पर रोक लगेगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।वही गढ़वा जिले में बढ़ती गर्मी को देखते हुए पेयजल समस्या के समाधान के लिए प्रशासन सक्रिय है। सभी प्रखंडों के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं और झार जल पोर्टल के माध्यम से शिकायत दर्ज करने की सुविधा दी गई है। 29 अप्रैल को कुल 154 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से कई मामलों का निष्पादन किया जा चुका है, जबकि शेष पर कार्रवाई जारी है।मौके पर कार्यपालक अभियंता अजय कुमार सिंह ने बताया कि टोल फ्री नंबर, मोबाइल ऐप, व्हाट्सएप व ईमेल के जरिए मिल रही शिकायतों का त्वरित समाधान किया जा रहा है और आम जनता से इन माध्यमों का उपयोग करने की अपील की गई है