मुरादाबाद : महंगाई से दम तोड़ता हस्तशिल्प उद्योग, लाखो लोगों के रोजगार पर संकट। सरकार को विशेष ध्यान देने की जरूरत।
मुरादाबाद का हस्तशिल्प उद्योग देश ही नही दुनिया में अपनी विशेष पहचान रखता है।दुनिया के हर देश के घर और होटल में मुरादाबाद के हस्तशिल्प निर्मित सामान अपनी चमक बिखेर रहे हैं।मुरादाबाद से निर्यात होने वाला ज्यादातर हस्तशिल्प धातु निर्मित होता है,जिसको बनाने में पीतल,आयरन,स्टेनलेस स्टील,एल्यूमिनियम,तांबा इत्यादि प्रयोग होता है। पिछले कुछ समय से धातुओं की कीमतों में असामान्य वृद्धि से हस्तशिल्प उद्योग को गहरा झटका लगा है।विदेशों से आने वाले ऑर्डर में लगातार गिरावट से लाखो लोगों की रोजी रोटी पर बढ़ा संकट खड़ा हो गया है।
मुरादाबाद का हस्तशिल्प उद्योग लाखों लोगों को रोजगार के साथ देश को विदेशी करेंसी भी कमा कर देता है। विदेशों के साथ घरेलू बाजार में भी धातु हस्तशिल्प की लगातार मांग बनी रहती है। लेकिन धातुओं की कीमतों में असमान्य वृद्धि,पैकेजिंग सामग्री की अत्यधिक महंगाई,गैस की कम उपलब्धता और बढ़ती ऊर्जा लागत,फ्रेट और लॉजिस्टिक खर्च में लगातार हो रही वृद्धि से उत्पात महंगा हो रहा है जिसकी वजह से विदेशी और घरेलू बाजार चीन के उत्पाद से हार रहा है। प्रशासन और जिला उद्योग बंधु की समय समय पर बैठक तो होती है लेकिन बैठक में लिए फैसले सिर्फ कागजों तक ही सीमित रहते हैं।सरकार को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है जिससे लाखों लोगों का रोजगार तो बचेगा ही साथ ही फोरेक्स की आमद भी होगी। सरकार अगर इस ओर ध्यान देती है तो घरेलू बाजार में भी देसी उत्पाद चीन के उत्पाद को मात दे सकता है जिससे हमारा आयात बिल भी घटेगा।