पलामू: पानी और चारे की तलाश में शहर पहुंचा हिरणों का झुंड, एक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत
छतरपुर (पलामू)। भीषण गर्मी के कारण जंगलों में पानी और चारे की किल्लत होने लगी है, जिससे जंगली जानवर अब रिहायशी इलाकों का रुख कर रहे हैं। ताजा मामला छतरपुर शहर का है, जहां रविवार की सुबह करीब 15 से 20 हिरणों का एक झुंड पानी की तलाश में पहुंच गया। इस दौरान झुंड से बिछड़कर एक हिरण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई।
शिव मंदिर के पास मिला मृत हिरण
मिली जानकारी के अनुसार, झुंड से बिछड़कर एक हिरण सोनार मोहल्ला की ओर चला गया था, जिसे बाद में शिव मंदिर के समीप मृत पाया गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल इसकी सूचना वन विभाग को दी। वन कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर हिरण के शव को कब्जे में लिया और वन कार्यालय ले गए।
शिकार या कुत्तों का हमला? पोस्टमार्टम के बाद होगा खुलासा
हिरण की मौत को लेकर स्थिति अभी स्पष्ट नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि हिरण के शरीर पर गहरे जख्म हैं, जिससे आशंका जताई जा रही है कि उसे गोली मारी गई है। वहीं, कुछ लोगों का मानना है कि आवारा कुत्तों ने उसे अपना शिकार बनाया होगा। वन विभाग के अनुसार, हिरण के शरीर पर दांतों के निशान भी मिले हैं। वन क्षेत्र पदाधिकारी ने बताया कि पोस्टमार्टम की रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि हिरण की मौत कैसे हुई।
बाकी झुंड को सुरक्षित जंगल भेजा गया
घटना के दौरान छतरपुर हाई स्कूल परिसर में हिरणों के पूरे झुंड को देखा गया था। वन विभाग की टीम ने तत्परता दिखाते हुए बाकी 15-20 हिरणों को सुरक्षित तरीके से वापस जंगल की ओर खदेड़ दिया है।
वन विभाग के दावों पर सवाल
हर साल गर्मी के मौसम में वन्यजीवों के लिए पानी की व्यवस्था के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च किए जाते हैं, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि जानवर प्यास बुझाने के लिए शहरों की ओर आने को मजबूर हैं, जहां वे हादसों या शिकार का शिकार हो जाते हैं।