जनगणना प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू, प्रगणकों को दी जा रही विशेष ट्रेनिंग
वैशाली/जनगणना कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के उद्देश्य से गोरौल प्रखंड के उच्च माध्यमिक विद्यालय, गोरौल में सुपरवाइजर एवं प्रगणकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम जारी है। प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, गोरौल की देखरेख में प्रशिक्षण का पहला बैच सफलतापूर्वक संपन्न हो चुका है। यह प्रशिक्षण 13 अप्रैल 2026 से 24 अप्रैल 2026 तक विभिन्न बैचों में आयोजित किया जाएगा।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में मनोज कुमार सिंह, धर्मेंद्र कुमार, चंद्रभूषण पांडे एवं शशि कुमार द्वारा प्रतिभागियों को कुशलतापूर्वक प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इस दौरान जनगणना के महत्व और उद्देश्य पर विस्तार से जानकारी दी गई। प्रशिक्षकों ने बताया कि भारत की जनगणना विश्व की सबसे व्यापक और विश्वसनीय जनगणनाओं में से एक है, जो देश के प्रशासनिक कार्यों का अहम हिस्सा है।
उन्होंने बताया कि जनगणना, संविधान की सातवीं अनुसूची के संघ सूची (अनुच्छेद 246) में शामिल है तथा जनगणना अधिनियम, 1948 इसके संचालन का कानूनी आधार प्रदान करता है। जनगणना के माध्यम से जनसंख्या, साक्षरता, आर्थिक गतिविधियों, आवासीय स्थिति, शहरीकरण, अनुसूचित जाति-जनजाति, भाषा, धर्म एवं अन्य सामाजिक-आर्थिक आंकड़ों की सटीक जानकारी प्राप्त होती है, जो सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के निर्माण में सहायक होती है।
प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि जनगणना दो चरणों में आयोजित की जाएगी। प्रथम चरण 2 मई से प्रारंभ होगा, जिसमें मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना की जाएगी। इस चरण में 34 बिंदुओं पर आधारित प्रश्नावली भरने का विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया। प्रतिभागियों को मकान संख्या, परिवार के मुखिया, भवन की स्थिति सहित अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां एकत्र करने के तरीके समझाए गए। साथ ही स्वगणना और प्रश्न पूछने की विधि पर भी विशेष जोर दिया गया।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रमोद कुमार, नरेंद्र कुमार, उमेश कुमार प्रसाद सिंह, शंकर कुमार, प्राणेश कुमार, रंजीत कुमार, धर्मेंद्र कुमार, आदित्य प्रकाश, दिलीप कुमार, कमलेश कुमार, मुकेश सावर्ण, नवल किशोर चौरसिया, राजीव कुमार, संतोष कुमार एवं उपेंद्र कुमार सहित कई प्रतिभागियों ने भाग लिया।