CM सामूहिक विवाह में चोरी: 4 महिलाओं के जेवर गायब, विधायक ने जताई नाराजगी
सिद्धार्थनगर में जिला मुख्यालय स्थित बीएससी ग्राउंड में आयोजित मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह समारोह के समापन के बाद अफरा-तफरी मच गई। भोजन के दौरान कई महिलाओं के जेवर चोरी हो गए, जिससे मौके पर हंगामा जैसी स्थिति बन गई।
जेवर गायब होने की जानकारी मिलते ही पीड़ित महिलाएं रोने लगीं। इसके बाद महिला पुलिस और महिला होमगार्ड ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें सरकारी वाहन से थाने ले जाकर शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कराई।
4 महिलाओं के मंगलसूत्र हुए चोरी
पीड़ित महिलाओं में गीता का मंगलसूत्र, रीना का कान का झुमका, पिंकी का मंगलसूत्र और विंध्यवासिनी का कान का झुमका चोरी हो गया। इसके अलावा भी कई महिलाओं ने अपने जेवर गायब होने की शिकायत की। अचानक कई महिलाओं के जेवर चोरी होने की घटना से कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया।
घटना की सूचना मिलने पर मौके पर मौजूद महिला पुलिस और महिला होमगार्ड सक्रिय हुईं। पुलिसकर्मियों ने सभी पीड़ित महिलाओं को सरकारी जीप में बैठाकर थाने ले जाया, जहां उनसे पूरे मामले की जानकारी ली गई और शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू की गई।
319 जोड़ों ने की शादी
यह सामूहिक विवाह कार्यक्रम शनिवार, 14 मार्च को आयोजित किया गया था। इसमें कुल 319 जोड़ों का विवाह संपन्न कराया गया, जिनमें 226 जोड़े हिंदू धर्म, 74 जोड़े बौद्ध धर्म और 19 जोड़े मुस्लिम धर्म के थे। कार्यक्रम में वर-वधू के परिजनों और आम लोगों की बड़ी संख्या में उपस्थिति रही।
समारोह में जिला अधिकारी शिवशरणप्पा जीएन, पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन, कपिलवस्तु से भाजपा विधायक श्यामधनी राही और अपना दल से शोहरतगढ़ विधायक विनय वर्मा सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। डुमरियागंज से सांसद जगदंबिका पाल मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे और नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया।
मंचीय कार्यक्रम के बाद विवाह की सभी रस्में पूरी कराई गईं और उसके बाद कार्यक्रम का समापन कर दिया गया। समारोह समाप्त होने के बाद दोपहर में सभी जोड़ों और उनके परिजनों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई थी। इसी दौरान भीड़ का फायदा उठाकर अज्ञात लोगों ने कई महिलाओं के जेवर पर हाथ साफ कर दिया।
सपा विधायक बोले- मेरे आने से पहले कार्यक्रम खत्म हो गया इधर कार्यक्रम को लेकर एक और राजनीतिक बयान सामने आया। नेता प्रतिपक्ष और इटवा से समाजवादी पार्टी के विधायक माता प्रसाद पांडे कार्यक्रम स्थल पर करीब दोपहर दो बजे पहुंचे। उन्होंने कहा कि उन्हें कार्यक्रम का समय दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक बताया गया था, लेकिन जब वह पहुंचे तो उससे पहले ही कार्यक्रम समाप्त कर दिया गया था।
माता प्रसाद पांडे ने कार्यक्रम के दौरान एक परिवार के सामान की भी जांच की। इस दौरान उन्होंने एक पायल को देखकर कहा कि यह हल्की लग रही है। उन्होंने कार्यक्रम की व्यवस्थाओं और समय से पहले समापन पर भी सवाल उठाए।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह समारोह सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत आयोजित किया गया था, जिसमें आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के जोड़ों का विवाह कराया जाता है। हालांकि कार्यक्रम के समापन के बाद सामने आई जेवर चोरी की घटना ने पूरे आयोजन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल, पुलिस मामले की जांच में जुटी है और कार्यक्रम स्थल पर मौजूद लोगों से पूछताछ कर रही है ताकि चोरी करने वालों की पहचान की जा सके।