*ए मेरे वतन के लोगों राष्ट्रकवि प्रदीप जयंती पर व्याख्यान एवं रचना पाठ*
AIMA: Raju Gajbhiye (Social Media Activist) *ए मेरे वतन के लोगों राष्ट्रकवि प्रदीप जयंती पर व्याख्यान एवं रचना पाठ* साहित्य अकादमी मध्यप्रदेश संस्कृति विभाग भोपाल विभाग द्वारा गीत ऋषि प्रदीप के जन्मदिन की पूर्व संध्या पर व्याख्यान एवं रचना पाठ का भव्य आयोजन बड़नगर में किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि रहे नगर के जनप्रिय विधायक जितेन्द्र सिंह पंड्या समारोह के विशिष्ट अतिथि थे भाजपा नगर अध्यक्ष नवीन राठौड़ कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रसिद्ध समाज सेवी हरिकिशन मेलवानी ने की। ओजस्वी वक्ता विधायक पंड्या जी ने वन्देमातरम गीत के 150 वर्ष पूर्ण होने पर प्रदीप जी के लिखे गीत "आओ बच्चों तुम्हे दिखाए झांकी हिन्दुस्तान की वन्दे मातरम" का जिक्र करते हुवे कहा कि इस गीत को सुनकर देश के क्रांतिकारियों ओर देश के युवाओं में देश की प्रति सर्वस्य न्योछावर करने का जोश जागृत हो जाता था। कार्यक्रम के आरंभ में साहित्य अकादमी भोपाल के निर्देशक डॉ विकास दवे ने स्वागत भाषण देते हुवे कार्यक्रम की संपूर्ण रूप रेखा एवं जानकारी उपस्थित श्रोताओं को प्रदान की। आपने कहा बड़नगर जैसे छोटे से शहर ने राष्ट्र को एक महामना प्रदान किया जिसके गीतों ने संपूर्ण भारत को एक सूत्र में बांधने का काम किया। प्रदीप जी के पारिवारिक सदस्य नितेश जोशी "जय" ने अपने व्याख्यान में रामचंद्र द्विवेदी से फिल्म दुनियां के मुखर गीतकार प्रदीप तक के सफर को एवं पारिवारिक छोटे छोटे प्रसंगों को बड़े ही आत्मीयता से बताया। भोपाल से पधारे फिल्म पत्रकार राजेश गाबा ने आपके फिल्मी सफर के हर पहलू की समीक्षा बड़े ही रोचक शब्दों में सुना सबका दिल जीत लिया। रचनाकार अतुल ज्वाला "इंदौर", राजेश शर्मा "तलेन", रमेश चंद्र चांगेसिया "प्रभात", राहुल शर्मा "उज्जैन", गोपाल कावड़िया "बदनावर", राम शर्मा "परिंदा" मनावर,संध्या मिश्रा "मयूरी" महू एवं पुष्पेंद्र जोशी "पुष्प" ने एक से बड़के एक रचनाओं का पाठ कर खूब दाद बटोरी। अध्यक्षीय उद्बोधन में मेंलवाणी जी ने कहा कि रचना धर्मियो को प्रदीप के साहित्य का गहराई से मनन करना चाहिए,आपके संपूर्ण काव्य में एक अलग ही चेतना बसी जो मन को अंदर तक झंकृत करती है। नगर के वरिष्ठ पत्रकार डॉ प्रेमचंद त्रिवेदी "द्वितीय" की किताब व्यंग्य संग्रह " व्यंग्य भए क्वारंटाइन" का वितरण भी किया गया। बौद्धिक कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नगर के साहित्यकार,पत्रकार एवं सुधि श्रोताओं ने शिरकत की। सफल संचालन अंकित त्रिवेदी "लल्ला" ने किया। उक्त जानकारी एवं आभार स्थानीय कार्यक्रम संयोजक प्रमोद पंचोली "प्रीतेश" द्वारा प्रदान की गई।