
Air India Boeing 787 दुर्घटना: अमेरिकी रिपोर्ट से बड़ा खुलासा, तकनीकी खामियों की ओर इशारा
बीते वर्ष एयर इंडिया के बोइंग 787 ड्रीमलाइनर विमान की भीषण दुर्घटना को लेकर एक अहम और चौंकाने वाला अपडेट सामने आया है। अमेरिका के एक विमानन सुरक्षा समूह ने दावा किया है कि यह विमान दुर्घटना से पहले लंबे समय से गंभीर तकनीकी समस्याओं से जूझ रहा था। इन दावों से बोइंग की निर्माण और सुरक्षा प्रक्रियाओं पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
12 जून 2025 को हुआ था हादसा:
बीबीसी की एक रिपोर्ट के अनुसार, टाटा ग्रुप की कंपनी एयर इंडिया द्वारा संचालित बोइंग 787 विमान 12 जून 2025 को अहमदाबाद से लंदन के लिए रवाना हुआ था। उड़ान भरने के कुछ ही सेकेंड बाद विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस भयावह हादसे में 260 लोगों की जान चली गई। दुर्घटना की आधिकारिक जांच अभी जारी है।
तकनीकी खामियों का लंबा इतिहास?
फाउंडेशन फॉर एविएशन सेफ्टी (FAS) नामक अमेरिकी विमानन सुरक्षा समूह ने अमेरिकी सीनेट की स्थायी जांच उपसमिति (US Senate Permanent Subcommittee on Investigations) को एक प्रेजेंटेशन भेजा है। यह प्रेजेंटेशन आंतरिक दस्तावेजों पर आधारित बताई जा रही है, जिसमें विमान की तकनीकी स्थिति को लेकर गंभीर निष्कर्ष सामने रखे गए हैं।
FAS के अनुसार, यह विमान एयर इंडिया के बेड़े में शामिल होने के शुरुआती दिनों से ही सिस्टम फेल्योर की समस्याओं से जूझ रहा था। रिपोर्ट में निर्माण, गुणवत्ता नियंत्रण, रखरखाव और इंजीनियरिंग से जुड़ी खामियों का उल्लेख किया गया है।
इलेक्ट्रॉनिक्स और पावर सिस्टम में बार-बार दिक्कतें:
बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, विमान में समय-समय पर इलेक्ट्रॉनिक्स और सॉफ्टवेयर से जुड़ी गंभीर समस्याएं सामने आती रहीं। इनमें वायरिंग खराब होना, शॉर्ट सर्किट, सर्किट ब्रेकर का बार-बार ट्रिप होना, बिजली आपूर्ति बाधित होना और पावर सिस्टम के पुर्जों का असामान्य रूप से अधिक गर्म होना शामिल है।
इन-फ्लाइट फायर का भी आरोप:
रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि जनवरी 2022 में जब यही विमान फ्रैंकफर्ट हवाई अड्डे पर उतरा था, तब इसके P100 पावर डिस्ट्रीब्यूशन पैनल में आग लग गई थी। आग से हुआ नुकसान इतना गंभीर था कि पूरे पैनल को बदलना पड़ा। P100 पैनल विमान के उन पांच प्रमुख यूनिटों में से एक होता है, जो इंजन से उत्पन्न हाई-वोल्टेज बिजली को पूरे विमान में वितरित करता है।
भारत में जांच जारी, अमेरिकी एजेंसियां भी शामिल:
अहमदाबाद विमान हादसे की जांच भारत का विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) कर रहा है। इस जांच में अमेरिकी अधिकारी भी शामिल हैं, क्योंकि विमान और उसके इंजन का डिजाइन और निर्माण अमेरिका में हुआ था। जांच एजेंसियां फिलहाल सभी संभावित तकनीकी कारणों की गहनता से पड़ताल कर रही हैं।
फिलहाल, इस अमेरिकी रिपोर्ट ने न केवल एयर इंडिया के विमान रखरखाव बल्कि बोइंग की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएंगे।