logo

पलिया क्षेत्र में हाथियों का आतंक, फसल व वाहन क्षतिग्रस्त, ग्रामीणों में भारी आक्रोश

निर्जेश मिश्र
पलियाकलां-खीरी।
पलिया क्षेत्र में जंगली हाथियों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। बीती रात्रि ग्राम पंचायत पटिहन के मजरा अतरनगर में हाथियों का झुंड पहुंच गया, जहां उन्होंने विजय बहादुर के घर के बाहर खड़ी स्विफ्ट डिजायर कार को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। गनीमत रही कि इस दौरान कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।
ग्रामीणों का आरोप है कि बीते कई दिनों से जंगली हाथी क्षेत्र में सक्रिय हैं और अब तक एकड़ों गन्ने की फसल को रौंदकर बर्बाद कर चुके हैं। इससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। जब पीड़ित किसान क्षेत्रीय लेखपाल को सूचना देते हैं तो कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जाती। वहीं वन विभाग को कई बार समस्या से अवगत कराने के बावजूद आज तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया।
वन विभाग की कथित लापरवाही को लेकर ग्रामीणों में जबरदस्त आक्रोश व्याप्त है। किसानों का कहना है कि जंगली हाथियों के कारण जनहानि और धनहानि दोनों की आशंका बनी रहती है, लेकिन विभागीय स्तर पर न तो निगरानी बढ़ाई जा रही है और न ही मुआवजे की प्रक्रिया को लेकर कोई स्पष्ट पहल की जा रही है।
ग्रामीणों ने दुधवा टाइगर रिजर्व में चल रहे पर्यटन सत्र पर भी सवाल उठाए हैं। किसानों का आरोप है कि पर्यटन सत्र के दौरान प्रतिदिन सैकड़ों जंगल सफारी संचालित की जा रही हैं। टैक्सियों की लगातार आवाजाही से जंगली जानवर जंगल छोड़कर ग्रामीण क्षेत्रों की ओर रुख कर रहे हैं। उनका कहना है कि जब वन विभाग पर्यटन से करोड़ों रुपये की कमाई करता है, तो जंगल से बाहर आ रहे जंगली जानवरों पर नियंत्रण की भी प्रभावी व्यवस्था की जानी चाहिए।
ग्रामीणों ने मांग की है कि हाथियों की निगरानी के लिए विशेष टीम गठित की जाए, प्रभावित किसानों को तत्काल मुआवजा दिया जाए और जंगल व आबादी क्षेत्र के बीच सुरक्षा इंतजाम मजबूत किए जाएं, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।

0
0 views